शुक्रवार, 13 सितंबर 2013

हिन्दी दिवस पर विशेष कविता-राजभाषा हिन्दी का हाल--राजीव नामदेव ''राना लिधौरी''

हिन्दी दिवस पर विशेष कविता-
हिन्दी दिवस पर-
कविता :-'राजभाषा हिन्दी का हाल '

राजभाषा हिन्दी का ये हाल देखिए,
अंगे्रजी ने कैसे कर दिया फटेहाल देखिए।
कहने को तो हमारी राजभाषा हिन्दी ही है,
लेकिन अंग्रजी ने उसे लगा दी अब बिन्दी है।
जहाँ देखो अंग्रेजी में हर काम काज होता है,
बिना अंग्रेजी बोले तो किसी पे आज रौब नहीं जमता है।
स्कूल, कालेज, आफिस जहाँ पर भी देखिए,
हर तरफ अंग्रेजी का बढ़ता चलन
और हिन्दी का बुरा हाल देखिए।
हम कैसे मान ले कि,हिन्दी ही हमारी राजभाषा है
रोज़ उसका हो रहा पतन और नाश है।
हम लोगों को  कैसे समझए कि अभी भी,
हिन्दी ही हमारे देश की राजभाषा है।
राजभाषा में ही आप बोलिए
उसका अपमान तो मत कीजिए।
कुछ तो उस पर रहम कीजिए ।
अंगे्रजी से बिलकुल नाता ही तोड़ दीजिए,
नहीं तो एक दिन राजभाषा हिन्दी खो जाएगी
फिर किसी को भी उसकी याद तक न आएगी।
हम'अंग्रेजी तारीख़् में 'हिन्दी दिवस मनाते है।
बस एक दिन हर साल हिन्दी दिवस पर ही
हिन्दी-हिन्दी का शोर मचाते है।
और घर आकर सब भूल जाते है।।     
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- राजीव नामदेव ''राना लिधौरी''

 संपादक 'आकांक्षा पत्रिका
अध्यक्ष-म.प्र..लेखक संघ
नर्इ चर्च के पीछे,शिवनगर कालोनी,
टीकमगढ़ (म.प्र.) पिन कोड-472001
मोबाइल न.-9893520965
E Mail- ranalidhori@gmail.com 

Bloggs- rajeev namdeo rana lidhori. Blogspot.in



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